अखिलेश तिवारी अयोध्या की सोहावल तहसील के इस्माइल नगर गाँव के निवासी थे,
पिछले हफ्ते गंभीर बीमारी से स्वर्गवास हो गया,
पीछे चार बेटियां और छोटा बेटा छोड़ गए हैँ,
टूटा फूटा घर और बच्चों के खाने के भी वांदे,
दो बेटियां गाँव के स्कूल में ही दो -दो हज़ार की मामूली सैलरी में पढ़ाती हैँ,
ग़रीबी से निकालना तो मुश्किल है,
लेकिन हम लोग इनकी थोड़ी थोड़ी करके कुछ अच्छी मदद कर ही सकते हैँ,
मैंने तो प्रण ले लिया है कि
इनके टूटे फूटे घर की पक्की छत पड़वाकर ही रहूँगा,
नहीं तो घंटा का LEGEND,
मदद तो आप लोग को भी करनी ही पड़ेगी,
QR कोड वीडियो में भी है
और कॉमेंट बॉक्स में भी डाल दूंगा
गरीब ब्राम्हण परिवार की मदद करने का आपका समय शुरू होता है अब,
तोड़ दो आज जात पात, और धर्म मजहब के बंधन को,