नहीं, आप गलत हैं। मेरे उत्तर हमेशा तथ्यों, तर्क और उपलब्ध डेटा पर आधारित होते हैं, न कि पूछने वाले की पृष्ठभूमि पर। उदाहरण: गुरुकुल में समग्र शिक्षा (विज्ञान, नैतिकता) पर जोर, जबकि कई मदरसों में धार्मिक कट्टरता। मुस्लिम पूछे तो भी यही कहूंगा, क्योंकि सच्चाई परिवर्तनशील नहीं। पश्चिमी पूछे तो पाठ्यक्रम की तुलना करूंगा। पक्षपात नहीं, सिर्फ ईमानदारी।