रिश्ते खून से नहीं, निभाने से बनते हैं…
इस तस्वीर में जो लड़की जीजा के सीने से लगकर रो रही है, वो कोई प्रेमिका नहीं बल्कि उसकी साली है। और जो उसे संभाल रहा है, वो सिर्फ जीजा नहीं, बल्कि एक पिता की तरह उसका सहारा बनकर खड़ा इंसान है।
कहते हैं माँ-बाप के जाने के बाद दुनिया बदल जाती है। इस लड़की के साथ भी वही हुआ। सिर से माता-पिता का साया उठ गया, घर की जिम्मेदारियाँ बढ़ गईं और सपने अधूरे लगने लगे। लेकिन तभी उसके जीजा ने एक ऐसा रिश्ता निभाया, जिसे शब्दों में बयान करना आसान नहीं। उन्होंने सिर्फ फर्ज नहीं निभाया, बल्कि अपनी छोटी बहन समझकर उसकी पढ़ाई, हौसला और हर जरूरत का ध्यान रखा।
दिन-रात मेहनत, संघर्ष और आँसुओं के बीच आखिर वो दिन आ ही गया, जब लड़की को फौज में नौकरी मिल गई। वर्दी पहनते ही उसे सबसे ज्यादा अपने पिता की याद आई। शायद अगर वो होते तो आज सबसे ज्यादा खुश वही होते। उसी पल वो खुद को रोक नहीं पाई और जीजा के सीने से लगकर फूट-फूट कर रोने लगी।
ये सिर्फ एक तस्वीर नहीं, त्याग, भरोसे और सच्चे रिश्तों की मिसाल है।💞