अखिलेश यादव जैसे सभ्य,शिक्षित, समावेशी और विकासोन्मुखी सोच वाले व्यक्ति को हमेशा झूठ से बदनाम किया गया।
टोंटी वाली कहानी झूठ थी,साजिश थी। एक्सप्रेस वे की जांच करवाई गई जो आज भी वैसे का वैसा है।
लेकिन बेटी को बदनाम करना हद से ज्यादा नीचता है।सोचिए कौन हैं ये लोग,कहां से आते हैं!