सड़क किनारे दो लड़कियां खड़ी थीं। ट्रक ड्राइवर ने उन्हें देखा तो ट्रक साइड में रोक लिया। लड़कियां पास आईं तो ड्राइवर ने पूछा, कितने रुपए लोगी..?
एक ने कहा 1000, दूसरी ने तुरंत 800। पहले वाली ने गुस्से से कहा, रेट क्यों कम कर रही है..?
ड्राइवर हंसते हुए बोला, तुम दोनों आपस में फैसला कर लो, किसे चुनूं और कितने में! फिर वो साइड में टॉयलेट करने चला गया। तभी पीछे से एक लड़की ने उसे गले लगा लिया और बोली, जैसा तुम कहो, 500 रुपए दे देना!
ड्राइवर ने दूसरी को इशारा किया 500 का। वो भी हां में सिर हिला दी। ड्राइवर खुश होकर दोनों को ट्रक के केबिन में ले गया। एक घंटे बाद दोनों लड़कियां कपड़े अस्त-व्यस्त करके बाहर निकलीं। फोन पर किसी से बातें करतीं तेज कदमों से सड़क पार की और एक कार में सवार हो गईं।
सब कुछ देख रहा था रोड के दूसरी तरफ कार में बैठा एक शख्स। उत्सुकता में वो ट्रक के पास गया। झांका तो चौंक गया! ड्राइवर के हाथ-पैर-मुंह बंधे थे। खोला तो ड्राइवर रोते हुए बोला, दो मर्द लड़कियों के भेष में आए थे। लूट लिया और भाग गए!
भाइयो-बहनों, ये कहानी सिखाती है - हर चमकती चीज सोना नहीं होती। लालच में आंखें बंद न करो। सतर्क रहो, सावधान रहो। रास्ते में अजनबियों पर भरोसा मत करो। आजकल धोखेबाज हर तरफ हैं। अपनी जान-माल की हिफाजत खुद करो।