कॉकरोच जनता पार्टी और उसके संस्थापक अभीजीत दीपके आज केन्द्र सरकार के खिलाफ पुणे में प्रोटेस्ट कर रहे हैं..
इस तस्वीर में देखिए, उनक साथ कौन कौन दे रहा है?
इस तस्वीर में असीम सरोडे और डॉ. विश्वंभर चौधरी चौधरी दिख रहे हैं - किसके साथ ?
राहुल गांधी और महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री कांग्रेस नेता पृथ्वीराज चव्हाण के साथ. कुछ समझ में आया ?
तस्वीर में तीसरे सज्जन दिख रहे हैं वो हैं निखिल वागले ..
ये कौन हैं?
ये घनघोर वामपंथी पत्रकार हैं.
इन तीनों बारे में जरा विस्तार से जानिए
1. असीम सरोडे
एडवोकेट असीम सरोडे से जुड़ा मुख्य विवाद न्यायपालिका और संवैधानिक पदों पर की गई तीखी टिप्पणी को लेकर है, जिसके कारण उनकी वकालत का लाइसेंस तीन महीने के लिए निलंबित कर दिया गया. मार्च 2024 में उद्धव ठाकरे गुट की एक जनसभा में उन्होंने कथित तौर पर कहा था कि न्याय व्यवस्था दबाव में काम कर रही है, साथ ही उन्होंने तत्कालीन राज्यपाल और विधानसभा अध्यक्ष के खिलाफ भी अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया था. मतलब केजरीवाअल की तरह इन्हे भी देश की न्याय व्यवस्था पर यकीन नहीं है.
2. डॉ. विश्वंभर चौधरी (Dr. Vishwambhar Choudhari)
डॉ. विश्वंभर चौधरी मुख्य रूप से अपनी कट्टर राजनीतिक टिप्पणियों और हिंदुत्ववादी संगठनों के साथ वैचारिक टकराव के कारण विवादों में रहे हैं. दिसंबर 2023 में नासिक के सिन्नर में एक सार्वजनिक व्याख्यान के दौरान, इन पर हिंदू धर्म विरोधी बातें करने का आरोप लगा था जिस पर बड़ा विवाद हुआ था, जिसके कारण उनका कार्यक्रम बीच में ही रद्द करना पड़ा. इसके अतिरिक्त, अगस्त 2023 में नागपुर में 'निर्भय बनो' सभा के दौरान पारंपरिक गोसावी समाज पर की गई एक विवादास्पद टिप्पणी के कारण भी वे चौतरफा घिर गए थे, जिसके बाद विवाद बढ़ता देख उन्होंने सार्वजनिक रूप से बिना शर्त माफी मांगकर मामले को शांत किया था.
3. निखिल वागले (Nikhil Wagle)
वरिष्ठ पत्रकार निखिल वागले के साथ सबसे बड़ा और हिंसक विवाद फरवरी 2024 में तब जुड़ा, जब उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और लालकृष्ण आडवाणी के खिलाफ बेहद आपत्तिजनक ट्वीट किया था. भाजपा नेता लालकृष्ण आडवाणी को 'भारत रत्न' देने की घोषणा पर वागले द्वारा की गई इस टिप्पणी के विरोध में उनके खिलाफ पुणे में FIR दर्ज की गई.
जाहिर है कि अभिजीत दीपके, कॉकरोच जनता पार्टी देश बदलने से कोई मतलब नहीं है. ये बस विपक्ष के हाथ की कठपुतली हैं. और जब विपक्ष खुद मोदी सरकर का कुछ नहीं बिगाड़ पाया तो Fake Narrative फैलाने के लिए अभिजीत दीपके और कॉकरोच जनता पार्टी को लेकर आया है..
इनसे सावधान रहने की जरूरत है
Organizers of today's CJP's protest in Pune!