ख़ालिद सैफ़ी और तस्लीम अहमद को मिली 6 महीने की अंतरिम ज़मानत
सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली हिंसा मामले में UAPA के तहत 2020 से जेल में बंद तस्लीम अहमद और खालिद सैफी को अंतरिम जमानत दे दी. सुनवाई के दौरान केंद्र की ओर से पेश ASG एसवी राजू ने जमानत का विरोध नहीं किया, लेकिन UAPA मामलों में ट्रायल में देरी के आधार पर जमानत देने के मुद्दे को बड़ी बेंच के पास भेजने की मांग की.
खालिद सैफी की ओर से वरिष्ठ वकील रिबैका एम जॉन ने दलील दी कि जिन लोगों के साथ सैफी का नाम जोड़ा गया है, जैसे गुलफिशां फातिमा, नताशा नरवाल और देवांगना कलिता, उन्हें पहले ही जमानत मिल चुकी है. ऐसे में समानता के आधार पर सैफी को भी राहत मिलनी चाहिए.
वहीं तस्लीम अहमद की ओर से वकील महमूद प्राचा ने कहा कि उनके मुवक्किल की भूमिका मामले में बेहद सीमित बताई गई है.