पेपर लीक, परीक्षा घोटाले, OSM Evaluation की अव्यवस्था और छात्रों के भविष्य के साथ लगातार खिलवाड़—
यह सिर्फ़ प्रशासनिक विफलता नहीं, बल्कि देश के करोड़ों छात्रों के सपनों के साथ किया गया अन्याय है।
NEET से लेकर अन्य भर्ती और प्रवेश परीक्षाओं तक, हर बार छात्रों को जवाब नहीं, सिर्फ़ बहाने मिले हैं। आज छात्र मेहनत से नहीं, बल्कि सिस्टम की विफलताओं से हार रहे हैं।
NSUI के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री विनोद जाखड़ जी के नेतृत्व में देशभर के छात्र एकजुट होकर यह सवाल पूछ रहे हैं—
आख़िर छात्रों के भविष्य का जिम्मेदार कौन है?
जब तक NEET पेपर लीक, CBSE OSM Evaluation System की गड़बड़ियों और अन्य परीक्षा घोटालों के दोषियों पर कार्रवाई नहीं होती, जब तक शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान जवाबदेह नहीं ठहराए जाते, तब तक NSUI का संघर्ष जारी रहेगा।
न रुकेंगे, न झुकेंगे — छात्रों को न्याय दिलाकर ही दम लेंगे।