मोदी सरकार ने NEET परीक्षा के Re-Exam के लिए Telegram को Temporary Block कर दिया है।
मोदी जी को सबसे पहले अपने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा लेना चाहिए, जिन्होंने करोड़ों युवाओं के भविष्य को Block कर रखा है।
भारतीय वायु सेना को इस्तेमाल करना हो, Telegram को Block करना हो या फ़िर छोटी मछलियों को पकड़कर पेपर लीक माफ़िया को बचाना हो - ये सब मोदी सरकार को इसलिए करना पड़ रहा है, क्योंकि पिछले 10 वर्षों में 90 पेपर लीक हुए हैं, और 9 करोड़ युवा इस धाँधली और भ्रष्टाचार को भुगत रहे हैं। अपनी नाकामियों पर भला कब तक पर्दा डालेगी ये सरकार?
क़रीब आधा दर्जन युवाओं ने मजबूरन अपनी जान ले ली है। मोदी जी एक शब्द भी नहीं बोलते हैं। कितने ही ऐसे अभ्यर्थी हैं जिनके माता-पिता ने लोन लेकर वर्षों भर्ती-परीक्षा की तैयारी करवाई। और फिर एक के बाद एक NEET, SSC, UGC-NET, CUET, आदि के पेपर लीक हो जाते हैं।
हालत ये हो गई है कि CBSE के परिणाम में इतनी धाँधली की गई कि हमारे 17-18 वर्ष के होनहार छात्रों को इस सरकार का पर्दाफ़ाश करना पड़ा।
और अब UPSC की परीक्षा भी, जो विश्वसनीयता का सर्वश्रेष्ठ प्रतीक मानी जाती थी, इल्ज़ामों के घेरे में आ गई है।
देश का जागरूक युवा बस एक ही माँग कर रहा है - धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफ़ा, जो की जवाबदेही की पहली परीक्षा हो गई।
अफ़सोस की बात ये है कि भाजपा इस परीक्षा में पूरी तरफ FAIL हो गई है।